
वित्त और पीडब्ल्यूडी जैसे विभागों कोलंबे समय से देख रहे वरिष्ठ अफसरों को केंद्र सरकार से आया बुलावा
देहरादून, उत्तराखंड: उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने से चंद दिन पहले केंद्र सरकार ने उत्तराखंड के दो महत्वपूर्ण विभागों का पिछले 5 सालों से जिमा देख रहे वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों को केंद्र में तैनाती देने का पत्र जारी किया है। हो सकता है कि यह केंद्र सरकार का अपना निर्धारित सिस्टम हो लेकिन इन महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी अब किन अफसरों के कंधों पर जाएगी यह भी 10 मार्च के बाद नई सरकार गठित होने के बाद तय हो पाएगा। आरके सुधांशु के पास लंबे समय से जहां लोक निर्माण विभाग के साथ ही तमाम अन्य विभागों की जिम्मेदारी रही। वहीं, अमित सिंह नेगी लंबे समय से वित्त के साथ ही अन्य कई ऐसे विभागों की जिम्मेदारी देख रहे हैं जिन्हें समझने में नए अफसरों को काफी समय या फिर यूं कहें कि इन विभागों को चलाने का तजुर्बा लेने में वक्त जरूर लगेगा। अब देखना होगा कि उत्तराखंड शासन और नई सरकार इन अफसरों के महत्वपूर्ण विभागों को किन वरिष्ठ आईएएस अफसरों को सौंपते हैं। आने वाले 10 मार्च को जिसमें पार्टी की सरकार बनेगी उस का मुखिया ही अब इन महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी के साथ ही फिर से तबादलों का नया दौर शुरू कर सकता है। अब देखना होगा कि इन महत्वपूर्ण विभागों में किन अनुभवी और काबिल अफसरों को तैनाती दी जाती है
हर दिशा से जुड़ रहा "उत्तराखण्ड"
उत्तराखंड के 2 आईएएस अधिकारियों को केंद्र से आया बुलावा
अलग-अलग विभागों में दी गई अहम जिम्मेदारी
स्वरोजगार एवं उद्यमिता योजनाएँ
1997 बैच के आईएएस अधिकारी रमेश कुमार सुधांशु को ज्वाइंट सेक्रेट्री लेवल पर दी गई तैनाती
आईएएस रमेश कुमार सुधांशु को चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफीसर मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफॉरमेशन टेक्नोलॉजी की मिली जिम्मेदारी
वही 1999 बैच के आईएएस अधिकारी अमित सिंह नेगी को एक्सपेंडिचर विभाग में जॉइंट सेक्रेटरी की मिली जिम्मेदारी
दोनों अधिकारियों के लिए केंद्र सरकार ने आदेश किए जारी





